कांकेर जिले की महाराष्ट्र सीमा पर नक्सलियों ने एक बार फिर से उत्पात मचाया है। यहां गढ़चिरौली में नक्सलियों ने 12 वाहनों को जला दिया है। वारदात को अंजाम देने के बाद नक्सली भाग निकले हैं। ये सभी गाड़ियां सड़क निर्माण कार्य में लगी थी। शुक्रवार को नक्सलियों ने बस्तर के बीजापुर जिले में भी 3 वाहनों को जला दिया था।
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कांकेर सीमा पर इरपानार से पेंडूंगा मार्ग पर सड़क निर्माण का काम चल रहा है। इरपानार कांकेर का इलाका है। वहीं पेंडूंगा गढ़चिरौली में है।
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शुक्रवार को भी यहां मजदूर दोपहर 2 से 3 बजे के बीच काम कर रहे थे। इसी बीच बड़ी संख्या में नक्सली पहुंचे और उन्होंने मजदूरों को वहां से हटने के लिए कह दिया। इसके बाद 9 ट्रैक्टर, 2 जेसीबी और ग्रेडर वाहन को जला दिया। गाड़ियों में आग लगाने के बाद नक्सली वहां से जंगल का सहारा लेकर भाग निकले।
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घटना के बाद मजदूरों ने ठेकेदार और पुलिस को इस बात की सूचना दी। खबर मिलते ही पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और इलाके में सर्च ऑपरेशन भी किया। मगर नक्सली तब तक मौके से निकल चुके थे। पूरे घटनाक्रम की जानकारी शनिवार को सामने आ सकी है।
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गढ़चिरौली में नक्सली इसके पहले भी कई बार आतंक मचा चुके हैं। शुक्रवार को नक्सलियों ने बीजापुर जिले के चेरी कंटी गांव में एक मजदूर को बंधक बना लिया था। इसके बाद तीन गाड़ियों में भी आगजनी की थी।
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नक्सलियों ने मजदूरों से कहा था कि वे इस सड़क निर्माण के कार्य में सहयोग नहीं करें। ना ही यहां काम करें। इस आगजनी को नक्सलियों की बौखलाहट माना जा सकता है। क्योंकि दो महीने पहले ही जवानों ने इस इलाके में 50 लाख के इनामी माओवादी मिलिंद को मार गिराया था।









