एजेंसी, नई दिल्ली। नेपाल की जेल से फरार कैदियों के भारत में प्रवेश की आशंका को देखते हुए पुलिस को अलर्ट पर रखा गया है। भागलपुर एसएसपी हृदय कांत ने सभी थानाध्यक्षों को स्पष्ट निर्देश दिया है कि संदिग्ध व्यक्तियों पर विशेष नजर रखें और वाहनों की तलाशी अभियान तेज करें। ऐसे किसी भी व्यक्ति से पहचान पत्र की जांच की जाए और संदेह होने पर विधि-सम्मत कार्रवाई की जाए।
ढाबा, होटल में छुपकर कर सकते हैं क्राइम
गुरुवार को हुई मासिक अपराध गोष्ठी में एसएसपी ने कहा कि नेपाल से आए फरार कैदी मजदूर या कामगार बनकर यहां ठहर सकते हैं। वे होटलों, ढाबों और रेस्टोरेंट में नौकरी लेकर अपनी पहचान छिपा सकते हैं और अपराध कर फिर आसानी से सीमा पार कर सकते हैं। इसलिए पुलिस को अत्यधिक सतर्क रहना होगा।
प्रस्ताव और निरोधात्मक कार्रवाई को भी प्राथमिकता
एसएसपी ने थानेदारों को वारंट-कुर्की, शराब व मादक पदार्थ की बरामदगी, तस्करों की गिरफ्तारी और अवैध हथियारों की जब्ती पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया। साथ ही सीसीए प्रस्ताव और निरोधात्मक कार्रवाई को भी प्राथमिकता देने को कहा गया।
इलाकों की पहचान करने को कहा गया
आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए संवेदनशील और अति संवेदनशील बूथों, दबंगों की सक्रियता वाले क्षेत्रों और कमजोर वर्ग के इलाकों की पहचान करने को कहा गया। चुनावी प्रक्रिया को प्रभावित करने वाले अपराधियों की जमानत रद करने के लिए प्रस्ताव तैयार करने पर जोर दिया गया।
चुनावी माहौल बिगाड़ने की अनुमति नहीं
इसके अलावा, शराब की तस्करी रोकने के लिए सीमा पर बने चेक पोस्ट पर तैनात पुलिस को अधिक चौकसी बरतने का निर्देश दिया गया है। एसडीपीओ और डीएसपी स्तर के अधिकारियों को भी गतिविधियों पर सतर्क निगरानी रखने को कहा गया। साफ संदेश दिया गया है कि फरार कैदियों से लेकर स्थानीय अपराधियों तक किसी को भी चुनावी माहौल बिगाड़ने की अनुमति नहीं दी जाएगी।









