खंडवा: तीर्थनगरी ओंकारेश्वर की ब्रह्मपुरी पार्किंग के पास लौवंशी धर्मशाला के खुले पड़े सेप्टिक टैंक में गिरने से महाराष्ट्र के नागपुर से अपने माता-पिता के साथ दर्शन करने आए तीन वर्षीय मासूम तनुष उसराठे की इलाज के दौरान अस्पताल में मौत हो गई।
नागपुर निवासी कैलाश उसराठे अपने परिवार के साथ शुक्रवार सुबह दर्शन के लिए ओंकारेश्वर आए थे। सुबह करीब पांच बजे बस से उतरते ही तीन वर्षीय तनुष आगे दौड़ने के दौरान अंधेरे में सेप्टिक टैंक में गिर गया। नगर परिषद ने अतिक्रमण कार्रवाई के बाद सेप्टिक टैंक को खुला छोड़ दिया था। मासूम की चीख सुनकर पिता कैलाश भी टैंक में कूद गए। स्थानीय लोगों की मदद से बच्चे को बाहर निकालकर सिविल अस्पताल ओंकारेश्वर ले जाया गया। यहां से उसे सनावद रैफर कर दिया गया था।
जानकारी के अनुसार जिस सेप्टिक टैंक में तनुष गिरा था, वह लौवंशी धर्मशाला परिसर का था। स्थानीय लोगों के अनुसार सिंहस्थ-2028 की तैयारियों के तहत नगर परिषद ने यहां अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की थी। इसी दौरान निर्माण तोड़ा गया और सेप्टिक टैंक खुला रह गया। हादसे के बाद तनुष के स्वजनों ने जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है।
फेफड़ों में गंदा पानी भरने से हुई मौत
जानकारी के अनुसार टैंक का गंदा पानी तनुष के फेंफड़ों में जाने से संक्रमण फैल गया। इससे उसकी हालत खराब होती गई और जान नहीं बच सकी। शनिवार सुबह पीएम के बाद शव स्वजन को सौंप दिया गया। इसके बाद परिवार निजी वाहन से अपने राज्य महाराष्ट्र के लिए रवाना हो गया।
इसे लेकर नगर परिषद ओंकारेश्वर सीएमओ मोनिका पारधी का कहना है कि जब हमने अतिक्रमण तोड़ा था, उस स्थान पर ऊपर कांक्रीट का स्लैब था। धर्मशाला वालों ने कुछ लोहा निकालने के लिए वहां पर काम किया था, जिससे वह गड्ढा खुला रखा गया। जैसे ही यह घटना पता चली, हमने तुरंत मौके पर गड्डा भरवा दिया है।








