लारा (रायगढ़)। एनटीपीसी लारा ने सामाजिक उत्तरदायित्व के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को आगे बढ़ाते हुए कर्मचारी स्वयंसेवी कार्यक्रम ‘शिक्षा चौपाल’ का शुभारंभ किया। इस पहल का उद्देश्य कर्मचारियों को अपने समय, ज्ञान और अनुभव के माध्यम से आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यार्थियों का मार्गदर्शन करने तथा उन्हें बेहतर भविष्य के लिए प्रेरित करना है।
कार्यक्रम की पहली शिक्षा चौपाल का आयोजन शासकीय विद्यालय, छोपरा में किया गया, जिसमें 60 से अधिक विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस अवसर पर करियर मार्गदर्शन एवं प्रेरक संवाद का आयोजन किया गया। यह पहल एनटीपीसी लारा के कर्मचारियों द्वारा विद्यालयों एवं समुदायों के साथ नियमित रूप से जुड़कर विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए चलाए जाने वाले स्वयंसेवी अभियान की शुरुआत है।
कार्यक्रम में अतिरिक्त महाप्रबंधक (सी एंड एम) श्री सुनील कुमार झा, मानव संसाधन प्रमुख श्री जाकिर खान तथा प्रबंधक श्री मनीष चतुर्वेदी ने विद्यार्थियों से संवाद किया। उन्होंने अपने जीवन एवं व्यावसायिक अनुभव साझा करते हुए विद्यार्थियों को बड़े सपने देखने, शिक्षा के प्रति समर्पित रहने तथा अपनी क्षमताओं पर विश्वास रखने के लिए प्रेरित किया।
अपने संबोधन में श्री सुनील कुमार झा ने वैभव सूर्यवंशी की प्रेरणादायक सफलता की कहानी साझा करते हुए बताया कि दृढ़ संकल्प, अनुशासित तैयारी और आत्मविश्वास के बल पर किसी भी लक्ष्य को प्राप्त किया जा सकता है। उन्होंने विद्यार्थियों को नीट के माध्यम से चिकित्सा, इंजीनियरिंग, सिविल सेवा सहित विभिन्न उभरते हुए करियर विकल्पों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि एनटीपीसी लारा के आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यार्थियों में राष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करने की अपार क्षमता है। यदि वे समर्पण के साथ अध्ययन करें तो भविष्य में इंजीनियर, डॉक्टर, वैज्ञानिक और यहां तक कि एनटीपीसी के परियोजना प्रमुख बनकर अपने क्षेत्र और देश का नाम रोशन कर सकते हैं।
कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण ‘ड्रीम वॉल’ रहा, जहां विद्यार्थियों ने अपने सपनों और जीवन के लक्ष्यों को लिखकर साझा किया। किसी ने डॉक्टर, किसी ने पुलिस अधिकारी, इंजीनियर, शिक्षक, क्रिकेटर तथा भविष्य में एनटीपीसी में कार्य करने की इच्छा व्यक्त की। इस दौरान एनटीपीसी के स्वयंसेवकों ने विद्यार्थियों से व्यक्तिगत संवाद कर उन्हें विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं, करियर विकल्पों तथा आवश्यक जीवन कौशल की जानकारी दी।
शिक्षा चौपाल केवल करियर परामर्श तक सीमित नहीं रही, बल्कि यह प्रेरणा, मार्गदर्शन और सार्थक संवाद का मंच बन गई। विद्यार्थियों ने खुलकर प्रश्न पूछे, अपनी जिज्ञासाएं साझा कीं और अनुभवी अधिकारियों से भविष्य निर्माण के लिए उपयोगी सुझाव प्राप्त किए।
एनटीपीसी लारा द्वारा प्रारंभ किया गया यह कर्मचारी स्वयंसेवी कार्यक्रम आगे भी विभिन्न विद्यालयों में संचालित किया जाएगा, जिसमें विभिन्न विभागों के कर्मचारी विद्यार्थियों के मार्गदर्शन, शिक्षा के प्रोत्साहन, जीवन कौशल विकास एवं सामुदायिक सशक्तिकरण के लिए अपना योगदान देंगे।
इस पहल के माध्यम से एनटीपीसी लारा यह संदेश दे रहा है कि किसी भी संगठन की वास्तविक शक्ति केवल उसके संचालन में नहीं, बल्कि उसके लोगों में निहित होती है। अपने कर्मचारियों के ज्ञान, अनुभव और समय को समाज के विकास के लिए समर्पित कर एनटीपीसी लारा एक शिक्षित, आत्मविश्वासी और जिम्मेदार भविष्य के निर्माण की दिशा में सार्थक कदम बढ़ा रहा है।







