सिलाई प्रषिक्षण से महिलाओं को घर में ही रोजगार मिलेगा, आर्थिक रूप से सक्षम बनेंगी

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स्वावलंबन योजना के तहत जिंदल फाउंउेषन द्वारा बरकसपाली की महिलाओं को दिया जा रहा प्रषिक्षण

रायगढ़ 27 अक्टूबर। जिंदल फाउंडेषन द्वारा क्षेत्र के स्व सहायता समूह की महिलाओं को आर्थिक रूप से सक्षम बनाने के लिए विभिन्न प्रयास किए जा रहे हैं। उन्हीं प्रयासों में एक है महिलाओं को सिलाई मषीन चलाने के लिए प्रषिक्षित करना। सिलाई सीखने के बाद महिलाओं को रोजगार के लिए बाहर नहीं जाना पड़ेगा वे अपने घरों में ही कपड़ों की सिलाई कर आर्थिक रूप से सक्षम हो सकतीं हैं।

इसी उद्देष्य को लेकर ग्राम पंचायत बरकसपाली में करीब तीस महिलाओं को प्रषिक्षण देने की षुरूआत की गई है। जिंदल फाउंडेषन के एजीएम (सीएसआर) राजेष रावत ने कहा कि जिंदल कंपनी द्वारा सीएसआर के तहत गांवों के विकास का काम पहले किया जाता है, इसके अलावा ग्रामीणों के स्वास्थ्य और षिक्षा पर भी फोकस किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सिलाई सीखकर महिलाएं घर के काम काज के साथ ही सिलाई का काम करके पैसा कमा सकतीं हैं। उन्होंने बताया कि ग्रामीणों की सलाह पर महिलाएं कैसे आगे बढ़ सकें उसके लिए काम किया जाएगा। उन्होंने बताया कि किषोरी बालिकाओं के स्वास्थ्य के लिए भी काम किया जा रहा है। बेरोजगार युवक, युवतियों को रोजगार के लिए आईटीआई में प्रषिक्षण भी दिया जाता है। अच्छा सीखने वाले को प्लेसमेंट के लिए भी प्रयास किया जा रहा है। सीएसआर से इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए भी काम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि गांव बरकसपाली में आने वाले समय में विकास कार्य दिखाई देंगे। उन्होंने कहा कि कंपनी क्षेत्र का विकास करती है, इसलिए समय के साथ चलने पर ही विकास हो सकता है। ग्राम पंचायत बरकसपाली के सरपंच गोविंद नारायण ने कहा कि कंपनी द्वारा विकास कार्यों में हमेषा सहयोग किया जा रहा है, इसलिए पंचायत भी सहयोग करने के लिए तत्पर है। सचिव सचिन बेहरा ने भी सरपंच की बात का समर्थन करते हुए कुछ कार्यों को करने की मांग की तथा गांव में कराए जा रहे कार्यों के लिए जिंदल पाॅवर का आभार व्यक्त किया। उपसरपंच सेतकुमार ने कहा कि जिंदल द्वारा किए जा रहे कार्यों का लाभ गांव वालों को मिल रहा है, स्वास्थ्य संगीनियों द्वारा भी गांव की महिलाओं के स्वास्थ्य को लेकर बेहतर काम किया जा रहा है। इस अवसर पर गांव के गौटिया षुक्लांबर चैधरी, विष्वनाथ चैधरी, बहादुर चैधरी, रंगवती राठिया, रघुनंदन चैहान सहित गांव के समूह की महिलाएं उपस्थित थीं। कार्यक्रम का संचालन संतोश षर्मा ने किया।

ग्रामीणों ने रखी मांगें

इस अवसर पर गांव के लोगों ने गांव के विकास के लिए कुछ मांगें रखीं। ग्रामीणों ने आंगनबाड़ी भवन बनवाने, तालाब गहरीकरण, निस्तारी तालाब तक रोड बनाने और जर्जर स्कूल भवन के मरम्मत की मांग रखी। इसके अलावा प्राइमरी और मिडिल स्कूल में खेल मैदान, वाॅलीबाॅल के लिए नेट और पोल लगाने की मांग रखी। सभी कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर कराने का आष्वासन दिया गया।

तीन माह तक दिया जाएगा प्रषिक्षण

महिलाओं को करीब तीन माह तक प्रषिक्षण दिया जाएगा। इसके लिए जिंदल फाउंडेषन द्वारा लिाइ मषीन के साथ ही प्रषिक्षक की व्यवस्था की गई है। इन तीन माह में बेहतर सिलाई करने वाली महिलाओं को आकृति तमनार में भी काम करने का मौका मिलेगा।

फोटोः कार्यक्रम में उपस्थित अतिथि

फोटोः कार्यक्रम में षामिल महिलाएं

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Author: samachardoot

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